पहल 2500 बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए शिक्षा और संस्कार की अनवरत पहल
शिक्षा के साथ संस्कार, सेवा के साथ समाज निर्माण

शिक्षा से भविष्य, संस्कारों से व्यक्तित्व

दीन दयाल सेवा भारती आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को शिक्षा के साथ भारतीय संस्कृति, संस्कार और जीवन मूल्यों से जोड़ने का प्रयास कर रही है।

2500+ बच्चों की शिक्षा और संस्कार की दिशा में निरंतर प्रयास
2500+
विद्यार्थी
संस्था द्वारा शिक्षित एवं संस्कारित
शिक्षा + संस्कार
समग्र विकास
भारतीय मूल्य एवं चरित्र निर्माण
निःस्वार्थ सेवा
सामुदायिक सहयोग
राहत, स्वास्थ्य व जन कल्याण
कानपुर
उत्तर प्रदेश
पंजीकृत सामाजिक संस्था

दीन दयाल सेवा भारती के बारे में

दीन दयाल सेवा भारती समाज के जरूरतमंद वर्गों तक शिक्षा, सेवा और सहयोग पहुंचाने के उद्देश्य से कार्य करने वाली सामाजिक संस्था है।

संस्था का विशेष ध्यान ऐसे बच्चों और परिवारों पर है जो आर्थिक कठिनाइयों के कारण बेहतर अवसरों से वंचित रह जाते हैं। हमारा मानना है कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है। बच्चों के भीतर भारतीय संस्कृति, संस्कार, अनुशासन, जिम्मेदारी और समाज के प्रति संवेदनशीलता विकसित करना भी उतना ही आवश्यक है।

दीनदयाल सेवा भारती - एक सेवा यात्रा : 2004 से 2026 तक

प्रस्तावना

समाज के अंतिम व्यक्ति तक शिक्षा की ज्योति पहुँचाने के पवित्र संकल्प के साथ वर्ष 2004 में दीनदयाल सेवा भारती की स्थापना की गई। पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के अंत्योदय के विचार - "हर हाथ को हुनर, हर बच्चे को शिक्षा" को आत्मसात करते हुए इस संस्था ने अपनी यात्रा प्रारंभ की।

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स्थापना काल - एक छोटा सा दीप (2004)

जब हमने वर्ष 2004 में इस NGO की शुरुआत की थी, तब हमारे पास संसाधन सीमित थे, पर संकल्प असीम था। मात्र 5 गाँवों के 35 शिक्षार्थियों के साथ हमने शिक्षा सेवा का कार्य प्रारंभ किया। उस समय हमारा उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान देना नहीं था, बल्कि उन बच्चों में आत्मविश्वास, संस्कार और स्वावलंबन की भावना जगाना था जो शिक्षा की मुख्य धारा से वंचित थे। झोपड़ी में, पेड़ के नीचे, चौपाल पर जहाँ जगह मिली, वहीं कक्षा लगी।

शिक्षा के क्षेत्र में हमारे प्रमुख आयाम

  1. बुनियादी शिक्षा एवं साक्षरता: ग्रामीण अंचल के ऐसे बच्चे जो कभी स्कूल नहीं गए, उनके लिए बुनियादी साक्षरता अभियान, निःशुल्क पाठ्य-सामग्री, यूनिफॉर्म और छात्रवृत्ति की व्यवस्था।
  2. संस्कार युक्त शिक्षा: पंडित दीनदयाल उपाध्याय सरस्वती विद्या मंदिर के माध्यम से आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्य और राष्ट्रभक्ति की शिक्षा।
  3. बालिका शिक्षा पर विशेष जोर: "बेटी पढ़ेगी, तो गाँव बढ़ेगा" के नारे के साथ हमने 50 गाँवों में अभिभावकों को जागरूक कर सैकड़ों बालिकाओं को स्कूल से जोड़ा।
  4. डिजिटल एवं कौशल शिक्षा: आज के युग की आवश्यकता को देखते हुए कंप्यूटर शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यशालाओं का आयोजन।

आज की उपलब्धि - 2026 में एक वटवृक्ष

ईश्वर की कृपा, दानदाताओं के सहयोग और समर्पित कार्यकर्ताओं की निष्ठा से आज 2026 में वह 35 बच्चों का छोटा सा प्रयास एक विशाल वटवृक्ष बन चुका है।

आज हम 50 से अधिक गाँवों में 1000+ शिक्षार्थियों तक प्रत्यक्ष रूप से शिक्षा की सेवा पहुँचा रहे हैं। हरदौलपुर रोड, चौडगरा, फतेहपुर स्थित हमारा विद्यालय इस सेवा का मुख्य केंद्र बन गया है, जहाँ से यह शिक्षा की गंगा 50 गाँवों तक प्रवाहित हो रही है।

यह केवल संख्या की वृद्धि नहीं है, यह 1000 परिवारों के भविष्य में उजाला है।

भविष्य का संकल्प

हमारा लक्ष्य अगले 5 वर्षों में 100 गाँवों और 2500 शिक्षार्थियों तक पहुँचना और एक पूर्ण आवासीय शिक्षा केंद्र की स्थापना करना है, ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे।

दीनदयाल सेवा भारती केवल एक NGO नहीं, एक परिवार है, एक आंदोलन है।

सेवा ही शिक्षा है, शिक्षा ही राष्ट्र निर्माण है।

सौजन्य से : दीनदयाल सेवा भारती, फतेहपुर

हमारा उद्देश्य

गरीब और जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को शिक्षा, संस्कार और बेहतर भविष्य की दिशा देना, ताकि वे आत्मनिर्भर और समाज के प्रति संवेदनशील नागरिक बन सकें।

भारतीय संस्कृति व संस्कार
कमजोर वर्गों को शैक्षिक सहारा
अनुशासन एवं चरित्र निर्माण
निःस्वार्थ जन-कल्याण एवं सेवा
दीन दयाल सेवा भारती कार्यक्रम
समर्पित समाज सेवा संस्था द्वारा संचालित निरंतर शैक्षिक व सामाजिक प्रयास

शिक्षा के साथ संस्कार

हमारा प्रयास केवल अक्षर ज्ञान तक सीमित नहीं, बल्कि प्रत्येक बच्चे के भीतर सुदृढ़ भारतीय मूल्यों और चरित्र का निर्माण करना है।

2500 विद्यार्थी, एक बेहतर भविष्य की दिशा में

दीन दयाल सेवा भारती के शैक्षिक प्रकल्प के माध्यम से 2500 बच्चे नियमित रूप से शिक्षा और संस्कार प्राप्त कर रहे हैं। ये सभी बच्चे आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से आते हैं। संस्था इन्हें पाठ्य सामग्री, शैक्षिक मार्गदर्शन और भारतीय जीवन मूल्यों से जोड़कर आत्मविश्वास से युक्त बना रही है।

"संस्कार ही वह आधारशिला है जिस पर राष्ट्र का सशक्त चरित्र और व्यक्ति का उज्ज्वल भविष्य निर्मित होता है।"

1. शिक्षा

गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सीखने के अवसरों पर विशेष ध्यान। आर्थिक कठिनाइयों के कारण किसी भी बच्चे की पढ़ाई न छूटे, इसके लिए पाठ्य सामग्री एवं नियमित मार्गदर्शन की व्यवस्था।

  • मूलभूत विषयों की सुदृढ़ समझ
  • स्कूल बैग, कॉपी व स्टेशनरी सहयोग
  • सीखने हेतु अनुकूल वातावरण

2. संस्कार

भारतीय संस्कृति, परंपराओं, पर्वों और जीवन मूल्यों से परिचय। माता-पिता व गुरुजनों का आदर, दैनिक जीवन में नैतिक आचरण और सांस्कृतिक चेतना का जागरण।

  • मातृ-पितृ एवं गुरु वंदन संस्कार
  • भारतीय पर्व एवं सांस्कृतिक उत्सव
  • नैतिक एवं आध्यात्मिक मूल्य

3. व्यक्तित्व विकास

अनुशासन, जिम्मेदारी, सेवा भाव और सामाजिक संवेदनशीलता को बढ़ावा। बच्चों में आत्मविश्वास का संचार ताकि वे एक आत्मनिर्भर एवं सशक्त भविष्य की ओर अग्रसर हों।

  • आत्मविश्वास एवं संवाद क्षमता
  • सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना
  • सदाचार एवं सामूहिक अनुशासन

समाज सेवा के क्षेत्र में हमारी पहल

दीन दयाल सेवा भारती शिक्षा के साथ-साथ समय-समय पर समाज के जरूरतमंद वर्गों की सहायता के लिए जमीनी स्तर पर सेवा कार्य करती है।

दानदाता आभार एवं सहयोग

गरीब कन्या विवाह सहयोग — दानदाताओं का कोटि-कोटि आभार

"दीनदयाल सेवा भारती आप सभी दान दाताओं को कोटि कोटि धन्यावाद करती है जिन्हो ने सहयोग प्रदान किया । आप सब लोगो की सहयोग से हमारी संस्थान ने 21000 रूपये नगद एंव कुछ सामान का सहयोग कर पाये । आप सभी दान दाताओ को पुनः धन्यवाद एंव आभार 💐💐💐💐🙏🙏🙏🙏🙏"

गरीब कन्या विवाह सहयोग
गरीब कन्या विवाह सहयोग सामग्री
गरीब कन्या विवाह सहायता वितरण

हमारी कार्यपद्धति

सेवा केवल सहायता नहीं, समाज के प्रति जिम्मेदारी है। हम व्यवस्थित चरणों में काम करते हैं।

01

पहचान

जरूरतमंद बच्चों और वंचित परिवारों की वास्तविक आवश्यकताओं को जमीनी स्तर पर समझना।

02

सहयोग

शिक्षा, पठन-पाठन सामग्री और आवश्यक संसाधनों की समय पर व्यवस्था करना।

03

संस्कार

भारतीय संस्कृति, अनुशासन, सामाजिक जिम्मेदारी और नैतिक मूल्यों का निरंतर विकास।

04

सशक्त भविष्य

बच्चों को बेहतर अवसरों और आत्मनिर्भर भविष्य की स्पष्ट एवं सकारात्मक दिशा देना।

नवीनतम समाचार

दीनदयाल सेवा भारती के सेवा कार्यों और स्थानीय समाचार माध्यमों में प्रकाशित प्रमुख खबरें।

पंडित दीनदयाल सरस्वती विद्या मंदिर में वेदों की स्थापना एवं विद्या आरंभ संस्कार फोटो बड़ा करके देखें
नवीनतम समाचार
वैदिक संस्कार एवं शिक्षा • चौडगरा

चौडगरा: मंत्रोच्चार के बीच पंडित दीनदयाल सरस्वती विद्या मंदिर में वेदों की स्थापना, बच्चों का हुआ विद्या आरंभ संस्कार

भारतीय संस्कृति, सनातन धर्म और वैदिक परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से पंडित दीनदयाल सरस्वती विद्या मंदिर चौडगरा में गायत्री परिवार के आचार्यों द्वारा विधि-विधान से चारों वेदों की स्थापना की गई और नन्हें बच्चों का पाटी पूजन कराकर विद्या आरंभ संस्कार संपन्न कराया गया।

संस्था अध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने प्राचीन संस्कृति व वेदों के अध्ययन के महत्व पर जोर दिया। प्रमुख सचिव सुरेंद्र सिंह ने बताया कि भारतीय संस्कृति के संरक्षण का यह अभियान केवल एक विद्यालय तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि विद्या भारती द्वारा संचालित सभी विद्यालयों में वेदों की स्थापना कराई जाएगी।

चित्रकूट बाढ़ पीड़ितों के लिए राहत सामग्री की पांचवीं खेप रवाना करते हुए फोटो बड़ा करके देखें
वीडियो कवरेज वीडियो चलाने के लिए play दबाएं
राहत सामग्री रवाना
सेवा दल की तैयारी
सामग्री का प्रबंध
रवानगी का दृश्य
राहत वाहन
सेवा गतिविधि
सहयोग का क्षण
राहत अभियान
हालिया समाचार
चित्रकूट बाढ़ राहत • पांचवीं खेप

चित्रकूट बाढ़ पीड़ितों के लिए भेजी राहत सामग्री

दीनदयाल सेवा भारती संस्थान द्वारा चित्रकूट बाढ़ पीड़ितों के लिए लगातार सहायता की जा रही है। शनिवार को पंडित दीनदयाल विद्या मंदिर चौडगरा से पूर्व जिला अध्यक्ष बीजेपी रमाकांत त्रिपाठी ने पांचवीं खेप रवाना की। लगभग 2000 पीड़ितों के लिए राशन सामग्री के साथ कपड़े और दैनिक उपयोग का सामान भी भेजा गया।

संस्थान के सचिव सुरेंद्र सिंह ने बताया कि गरीब मरीजों के लिए मुफ्त वाहन, अग्नि पीड़ितों की सहायता और गरीब महिलाओं को रोजगारयुक्त प्रशिक्षण सहित समाजसेवा के कार्य लगातार जारी हैं।

समाचार पत्र कतरनें - राहत एवं जनसेवा
दैनिक जागरण • अमर उजाला • हिन्दुस्तान

बाढ़ राहत, स्वास्थ्य एवं कोरोना काल में सेवा कार्य

बाढ़ पीड़ितों के बीच राशन व कपड़े वितरण, जिला अस्पताल में रोगियों को फल वितरण, शीतकालीन कंबल वितरण तथा कोरोना संकट में जरूरतमंदों को सहायता संबंधी प्रमुख समाचार।

समाचार पत्र कतरनें - स्वच्छता एवं शैक्षिक सहयोग
अमर संदेश • जनवाणी • भारत दृष्टि

स्वच्छता अभियान, स्टेशनरी वितरण एवं सामाजिक समरसता

स्कूली बच्चों में नोटबुक व स्टेशनरी वितरण, नगर में स्वच्छता अभियान व श्रमदान, तथा होली के पावन पर्व पर मिष्ठान्न वितरण संबंधी समाचार रिपोर्ट।

नेत्र शिविर समाचार
स्वतंत्र भारत

नेत्र शिविर में 225 मरीजों का निःशुल्क उपचार

दीन दयाल सेवा भारती द्वारा जन स्वास्थ्य रक्षा के तहत विशाल निःशुल्क नेत्र परीक्षण व उपचार शिविर का आयोजन।

जन स्वास्थ्य रक्षा कार्यक्रम
दैनिक हिन्दुस्तान

नेत्र परीक्षण एवं निःशुल्क ऑपरेशन सहायता

चिह्नित मोतियाबिंद रोगियों के निःशुल्क परीक्षण, दवा वितरण एवं ऑपरेशन हेतु सद्गुरु सेवा संघ ट्रस्ट के सहयोग से सेवा कार्य।

स्थानीय समाचार पत्रों में प्रकाशित प्रमुख गतिविधियां:

• विद्या मंदिर में वेदों की स्थापना एवं विद्या आरंभ संस्कार • बाढ़ पीड़ितों के बीच राहत सामग्री वितरण • जरूरतमंदों को गर्म कंबल वितरण • अस्पताल में मरीजों को फल वितरण • कोरोना संकट में खाद्य सामग्री सहयोग • बच्चों को स्कूल बैग व स्टेशनरी वितरण • नगर स्वच्छता अभियान व श्रमदान • निःशुल्क नेत्र परीक्षण व स्वास्थ्य शिविर • होली पर रंग एवं मिठाई वितरण

पारदर्शिता और दस्तावेज

संस्था से संबंधित उपलब्ध पंजीकरण, नवीनीकरण, वित्तीय विवरण एवं अन्य दस्तावेजों को पारदर्शिता के उद्देश्य से व्यवस्थित रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है।

सोसाइटी नवीनीकरण प्रमाण-पत्र सत्यापित अभिलेख
पंजीयन नवीनीकरण

सोसाइटी नवीनीकरण प्रमाण-पत्र

सोसाइटी रजिस्ट्रेशन अधिनियम 21, 1860 के अधीन 5 वर्ष की अवधि के लिए नवीनीकृत प्रमाण-पत्र।

आयकर फॉर्म 10AC आयकर अभिलेख
आयकर विभाग

Income Tax Form 10AC

Order for Provisional Registration Document (धारा 12A के अंतर्गत प्रोविजनल पंजीकरण आदेश)।

संशोधित नियमावली नियमावली
संगठनात्मक नियम

संशोधित नियमावली व उपनियम

साधारण सभा, प्रबन्धकारिणी समिति के गठन, कर्तव्य एवं संचालन से संबंधित नियम।

साधारण सभा सूची सदस्यता अभिलेख
साधारण सभा

साधारण सभा सदस्य अभिलेख

संस्था के संस्थापक एवं सामान्य सदस्यों का विवरण।

प्रबन्धकारिणी समिति सूची प्रबंध समिति
प्रबंधन

प्रबन्धकारिणी समिति सूची

संस्था के संरक्षक, अध्यक्ष, महासचिव, कोषाध्यक्ष व पदाधिकारियों का विवरण।

ऑनलाइन नवीनीकरण स्थिति पोर्टल सत्यापन
शासकीय पोर्टल

पोर्टल नवीनीकरण अभिलेख

फर्म्स, सोसाइटीज एवं चिट्स उप्र पोर्टल पर नवीनीकरण आवेदन की प्रविष्टि।

आयकर 80G प्रमाण-पत्र 80G प्रमाण-पत्र
आयकर छूट (80G)

आयकर 80G प्रमाण-पत्र

आयकर अधिनियम की धारा 80G के तहत संस्था को प्राप्त मान्यता, जिसके अंतर्गत दिए जाने वाले दान पर आयकर में नियमानुसार छूट की सुविधा उपलब्ध है।

आपका छोटा सहयोग, किसी बच्चे के बड़े भविष्य की शुरुआत बन सकता है।

आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और भारतीय संस्कारों से जोड़ने के इस सेवा यज्ञ में आप भी सहभागी बनें।

हमसे संपर्क करें

संस्था के कार्यों से जुड़ने या जानकारी प्राप्त करने के लिए आप सीधे संपर्क कर सकते हैं।

कार्यालय का पता

दीन दयाल सेवा भारती
पंडित दीनदयाल विद्यालय,
हरदौलपुर रोड, चौडगरा,
जनपद - फतेहपुर, उत्तर प्रदेश

पंजीकृत कार्यालय (Registered Office)

731-ए, हंसपुरम, आवास विकास कालोनी,
हमीरपुर रोड, कानपुर, उत्तर प्रदेश, भारत

सहयोग / दान हेतु बैंक खाता विवरण

बैंक का नाम: Bank of India (बैंक ऑफ इंडिया)
खाता संख्या (A/C No.): 697120110000008
IFSC कोड: BKID0006971
खाताधारक: दीन दयाल सेवा भारती
UPI कोड या बैंक में सीधे भेजें। कोटि-कोटि धन्यवाद!
80G प्रमाण-पत्र धारक • दान पर नियमानुसार आयकर छूट

संदेश भेजें

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